बॉलीवुड अभिनेता ऋषि कपूर ने दी मानहानि की मुकदमा करने की धमकी

Daily news network Posted: 2017-03-14 18:44:08 IST Updated: 2017-03-14 18:44:08 IST
बॉलीवुड अभिनेता ऋषि कपूर ने दी मानहानि की मुकदमा करने की धमकी
  • अभिनेता ऋषि कपूर और डैफोडिल को-ऑपरेटिव हाउसिंग सोसायटी के बीच उनके पाली हिल स्थित घर के निर्माण के चलते विवाद बढ़ता जा रहा है।

मुंबई।

अभिनेता ऋषि कपूर और डैफोडिल को-ऑपरेटिव हाउसिंग सोसायटी के बीच उनके पाली हिल स्थित घर के निर्माण के चलते विवाद बढ़ता जा रहा है। ऋषि कपूर ने सोसायटी पर मानहानि का दावा ठोकने की धमकी दी है। गौरतलब है कि ऋषि कपूर को सोसायटी ने निर्माण कार्य रोकने के लिए पत्र लिखा था लेकिन इसके विरोध में सोसायटी के अधिकतर निवासी ऋषि कपूर का ही साथ दे रहे हैं।

सोसायटी ने अपने पत्र में दावा किया था कि ऋषि कपूर ने अपनी जमीन के एक हिस्से पर टॉवर बनाने के लिए अवैध रूप से परमिट हासिल किए है। ऋषि के नए टॉवर के लिए चल रही खुदाई के कारण पूरा स्ट्रक्चर खतरे में पड़ गया है। हालांकि नरगिस दत्त रोड पर स्थित इस सोसायटी के अधिकतर लोग ऋषि के समर्थन में आ गए और दावा किया कि यह पत्र बिना सोसायटी के सदस्यों को सूचित किए भेजा गया था। उन्होंने सेक्रेटरी और चेयरमैन से ऋषि कपूर से माफी मांगने के लिए भी कहा।

इन सब के बावजूद ऋषि कपूर का गुस्सा ठंडा नहीं हुआ है और वह सोसायटी को कोर्ट में घसीटने की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने कहा,मैंने अपने वकीलों से बात कर ली है। हम सोसायटी के खिलाफ मानहानि और चरित्र हनन का मुकदमा करेंगे। यह सोसायटी के किसी व्यक्ति की शरारत है। मैं कानून का पालन करने वाला व्यक्ति हूं और बहुमत मेहनत से मैंने परमिशन हासिल की है। हम जानते हैं कि डैफोडिल्स में एक नए बिल्डर की रूचि बढ़ रही है लेकिन ये बातें अभी साबित नहीं हो सकी है।

सोसायटी की जमीन का सर्वे करने वाले मोती खन्ना ने कहा,जब ऋषि कपूर ने बंगला खरीदा था तब स्थिति साफ हो गई थी। कुछ मसलों को लेकर ऋषि कपूर ने दो बार सोसायटी को पत्र लिखा लेकिन किसी ने जवाब नहीं दिया। अब जब वह निर्माण शुरू कर चुके हैं तो सोसायटी आपत्ति क्यों कर रही है। मैंने खुद जमीन का सर्वे किया है। वह सिर्फ वही जमीन इस्तेमाल कर रहे हैं जो कानूनी तौर पर उनकी है। एक अन्य निवासी बेनी जेकब ने भी ऋषि कपूर का समर्थन करते हुए कहा कि उन्हें पत्र भेजने से पहले निवासियों को विश्वास में नहीं लिया गया था। यह सही नहीं है। हमें यह भी नहीं पता कि पत्र भेजा किसने है लेकिन हमें उनसे माफी मांगनी चाहिए थी। हमें इस जमीन पर जारी निर्माण कार्य से कोई आपत्ति नहीं है।