मैं अब कभी भी मणिपुर वापस नहीं आना चाहती: इरोम शर्मिला

Daily news network Posted: 2017-07-16 09:51:00 IST Updated: 2017-07-16 09:51:00 IST
मैं अब कभी भी मणिपुर वापस नहीं आना चाहती: इरोम शर्मिला
  • आफ्सपा हटाने के लिए 16 साल तक भूख हड़ताल पर रही सामाजिक कार्यकर्ता इरोम शर्मिला अब कभी भी मणिपुर वापस नहीं आना चाहती हैं।

नई दिल्ली।

आफ्सपा हटाने के लिए 16 साल तक भूख हड़ताल पर रही सामाजिक कार्यकर्ता इरोम शर्मिला अब कभी भी मणिपुर वापस नहीं आना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि मैंने 16 साल तक आफ्सपा के लिए लड़ाई लड़ी, लेकिन लोगों ने मुझे चुनाव में नकार दिया। इसी के कारण अब मैं कभी मणिपुर नहीं लौटना चाहती हूं, ये मेरा एक निजी फैसला है।


एक अंग्रेजी अखबार से बातचीत में इरोम ने कहा कि मैं राजनीति से पूरी तरह परेशान हो चुकी हूं। हालांकि मैं आफ्सपा के लिए अपना संघर्ष किसी और मंच के जरिये जारी रखूंगी। मैं अभी ग्रीन अलाएंस से जुड़ी हूं, जो विभिन उद्देश्यों पर काम करने वाली एक सामाजिक संस्था है। हम इसके माध्यम से इस दमनकारी सैनिक नियम को हटाने के लिए कैंपेन चलाने की योजना बनाएंगे।


बता दें कि इरोम ने पिछले साल 9 अगस्त को अपना 16 साल पुराना अनशन तोड़ते हुए विधानसभा चुनाव लड़कर राज्य से आफ्सपा हटाने का निर्णय लिया था। फरवरी 2016 में हुए विधानसभा चुनाव में इरोम पीपुल्स रिसर्जेंस एंड जस्टिस अलाएंस  नाम की पार्टी बनाकर चुनाव मैदान में उतरी थीं, लेकिन इरोम को महज 90 वोट मिले। चुनाव परिणाम के बाद मानसिक शांति के लिए इरोम तमिलनाडु के कोडईकनाल चली गई थीं, तबसे वे वहीं रह रही हैं।


उन्होंने बीते दिनों शादी के लिए आवेदन किया है। इस बारे में उन्होंने बताया कि रजिस्ट्रार ऑफिस से विवाह प्रमाण-पत्र अगस्त में मिलेगा, जिसके बाद पेरुमलाई (कोडईकनाल) की ही चर्च में समारोह होगा, लेकिन उनका परिवार इसका हिस्सा नहीं बनेगा। इरोम ने बताया, इस समारोह में परिवार, रिश्तेदारों और दोस्तों को बुलाने की भी कोई योजना नहीं है. कुछ स्थानीय शुभचिंतक शायद इसमें शामिल हों।