असम में कटकचल नदी खतरे के निशान से ऊपर, अब तक पांच की मौत

Daily news network Posted: 2017-06-15 09:03:39 IST Updated: 2017-06-15 09:42:16 IST
असम में कटकचल नदी खतरे के निशान से ऊपर, अब तक पांच की मौत
  • असम में हो रही भारी बारिश के कारण कई नदियों के जल स्तर में जबरदस्त बढ़ोतरी हुई है और कटकचली नदी खतरे के निशान से दो मीटर ऊपर बह रही है

नई दिल्ली।

असम में हो रही भारी बारिश के कारण कई नदियों के जल स्तर में जबरदस्त बढ़ोतरी हुई है और कटकचली नदी खतरे के निशान से दो मीटर ऊपर बह रही है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार असम के हैलाकंडी जिले के मतिजुरी में कटकचल नदी खतरे के निशान से 1.76 मीटर ऊपर बह रही है और शाम तक इसके दो मीटर तक पहुंचने की आशंका है। 



कटकचल नदी में बढ़े इस जल स्तर के कारण कई क्षेत्रों में बाढ़ की स्थित पैदा हो गयी है। कामरूप जिले में पुथीमारी नदी भी खतरे के निशान के करीब पहुंच गयी है और शाम तक इसके स्तर में भी और बढ़ोतरी होने का अनुमान है। बता दें कि बीते 48 घंटों के दौरान राज्य के विभिन्न इलाकों में हुई मूसलाधार बारिश के कारण बाढ़ की स्थिति फिर से भयावह हो गई है। कामरूप, लखीमपुर, दरंग और हैलाकांदी जिलों में बड़े पैमाने पर बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं का असर देखा गया है। 




गुवाहाटी में आई कृत्रिम बाढ़ की वजह से अब तक पांच लोगों की मौत हो गई है। वहीं एक व्यक्ति लापता है। इसके अलावा करीब आधा दर्जन स्थानों पर हुई भूस्खलन की घटना में कोई हताहत तो नहीं हुआ, लेकिन दीवार-घर और रास्ते ढह जाने की सूचना मिली है। चिडिय़ाखान के निकट छात्र पुषाण कलिता और मिस्त्री अनवर हुसैन की करंट लगने से मौत हो गई है। वहीं दूसरी तरफ जोनाली पथ के उफनते नाले में गिरे पिंटू दास का शव बरामद कर लिया गया है। शिलसोक बिल से भी देवेन नाथ नाम के एक व्यक्ति का शव मिलने की सूचना है। 





उधर, मणिपुर में मूसलाधार बारिश के बाद प्रदेश की सभी नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। इंफाल नदी का पानी बुधवार को कैरूंग गांव में प्रवेश कर गया। इंफाल शहर के कई निचले इलाके तथा इसके पास के इलाके जलमग्न हो चुके हैं। सिंचाई तथा बाढ़ नियंत्रण मंत्री एल. हाओकिप ने अधिकारियों के साथ प्रभावित इलाकों का दौरा किया है। 



नागालैंड व मणिपुर को असम से जोडऩे वाले राजमार्ग के कुछ हिस्से भी बाढ़ के पानी में डूब हुए हैं। ट्रकों, बसों तथा निजी कारों को राजमार्ग पर आने से मना किया गया है। बाढ़ के हालात के परिणामस्वरूप खाद्य पदार्थो की कीमतें बढ़ गई हैं। कारोबारियों ने कहा है कि असम से वस्तुओं की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। मणिपुर में अगले दो दिनों तक भारी बारिश की संभावना जताई गई है।