कोयला घोटाले में मेघालय के मुख्य सचिव दोषी, 22 को सुनाई जाएगी सजा

Daily news network Posted: 2017-05-19 13:42:56 IST Updated: 2017-05-19 13:42:56 IST
कोयला घोटाले में मेघालय के मुख्य सचिव दोषी, 22 को सुनाई जाएगी सजा
  • स्पेशल सीबीआई जज भरत पाराशर ने के.एस.क्रोफा और उस वक्त के डायरेक्टर केसी समारिया को अन्य के साथ दोषी ठहराया

नई दिल्ली।

सीबीआई की स्पेशल कोर्ट ने कोयला घोटाले में पूर्व कोयला सचिव एच. सी.गुप्ता को दो अन्य नौकरशाहों के साथ दोषी करार दिया है। जिन दो नौकरशाहों को घोटाले में दोषी ठहराया गया है उनमें कोयला मंत्रालय में संयुक्त सचिव के.एस.क्रोफा (मेघालय में मुख्य सचिव) शामिल हैं। कोर्ट 22 मई को सभी दोषियों की सजा पर फैसला सुनाएगी।



 हालांकि कोर्ट ने इस मामले में सीए अमित गोयल को बरी कर दिया। स्पेशल सीबीआई जज भरत पाराशर ने के.एस.क्रोफा और उस वक्त के डायरेक्टर केसी समारिया को अन्य के साथ दोषी ठहराया है। यह मामला मध्य प्रदेश में थेसगोरा-बी रूद्रपुरी कोल ब्लॉक के आवंटन में कथित गड़बडिय़ों से जुड़ा है। नियमों को ताक पर रखकर कोल ब्लॉक का आवंटन फर्म केएसएसपीएल को किया गया था। 




कोर्ट ने केएसएसपीएल और इसके मैनेजिंग डायरेक्टर पवन कुमार अहलूवालिया को भी दोषी करार दिया है। सुनावाई के दौरान सीबीआई ने कहा कि कोल ब्लॉक के लिए केएसएसपीएल की ओर से दिया गया आवेदन अधूरा था। यह जारी की गई गाइडलाइंस के मुताबिक नहीं था। सीबीआई ने फर्म पर अपनी नेट वर्थ और मौजूदा कैपेसिटी के बारे में गलत जानकारी देने का आरोप लगाया। सीबीआई ने कहा कि राज्य सरकार ने भी फर्म को कोई कोल ब्लॉक आवंटित नहीं करने की सिफारिश की थी। 




हालांकि बहस के दौरान आरोपियों ने सभी आरोपों को खारिज किया। पिछले साल अक्टूबर में कोर्ट ने यह देखते हुए आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए थे कि गुप्ता ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को अंधेरे में रखा। गुप्ता के खिलाफ आठ अलग अलग आरोप पत्र दाखिल किए गए हैं। प्रत्येक मामले में अलग अलग सुनवाई चल रही है। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में उस याचिका को खारिज कर दिया था जिसमें सभी मामलों को लेकर संयुक्त ट्रायल चलाने की मांग की गई थी।