डोकलाम विवाद: भारतीय सेना का चीनी सीमा के पास गांव खाली कराने से इनकार

Daily news network Posted: 2017-08-11 11:03:35 IST Updated: 2017-08-11 11:03:35 IST
डोकलाम विवाद: भारतीय सेना का चीनी सीमा के पास गांव खाली कराने से इनकार
  • डोकलाम में भारत और चीन के बीच पिछले दो महीने से तनाव लगातार जारी है। दोनों ही देशों की सेना डोकलाम में आमने-सामने तैनात है।

नई दिल्ली।

डोकलाम में भारत और चीन के बीच पिछले दो महीने से तनाव लगातार जारी है। दोनों ही देशों की सेना डोकलाम में आमने-सामने तैनात है। इस बीच खबर आई थी कि भारतीय सेना ने डोकलाम के आसपास के गांवों को खाली कराना शुरु कर दिया है। हालांकि सेना ने इस बात को नकार दिया है। 


इस बीच सेना ने इन खबरों का खंडन किया कि तनाव के चलते सिक्किम के नजदीक सीमा के कुछ गांवों और बस्तियों जैसे कुपुप, नाथांग और जुलुक को खाली करवाया जा रहा है। सूत्र ने कहा कि कोई गांव खाली नहीं करवाया गया है। न ही सेना का उद्देश्य किसी गांव को खाली करवाने का है। बिना बात का डर नहीं फैलाया जाना चाहिए।


लेकिन इसके बावजूद सेना ने लद्दाख ने लेकर अरुणाचल प्रदेश तक करीब 4057 किलोमीटर लंबी वास्तविक नियंत्रण रेखा पर पूरी तरह मुस्तैद है। एक अन्य सूत्र ने कहा कि सिक्किम ट्राए-जंक्शन एरिया में हमारे सैनिक बेहतर पोजिशन पर हैं इसलिए सैन्य दृष्टि से देखें तो चीन किसी अन्य सेक्टर में कुचेष्टा कर सकता है, अगर वाकई वह ऐसा करना चाहता है तो।


सूत्र ने कहा कि चीन जहां लगातार भारत पर दबाव बना रहा है वहीं भारतीय सेना भी एहतियात के तौर पर खुद को किसी भी परिस्थिति के लिए तैयार कर रही है। एक अंग्रेजी अखबार के अनुसार करीब 2500 सैनिकों को पूरी अभ्यास के साथ सिक्किम जुलुक और नाथंग घाटी की ओर जुलाई की शुरुआत में ही रवाना कर दिया था। ये सैनिक राज्य के उत्तर-पूर्वी हिस्से में पहले से ही मौजूद 6000 सैनिकों के साथ तैनात किए गए।


सरकारी सूत्रों ने कहा कि चीन की पीपल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) की ओर से तिब्बत में अधिक संख्या में सैनिक और टैंकों के अलावा तोपखाना और एयर डिफेंस यूनिट में कुछ इजाफा किया जा रहा है, लेकिन वास्तविक नियंत्रण रेखा की ओर ऐसी कोई लामबंदी नजर नहीं आ रही, जिसे भारतीय सुरक्षा बलों के लिए कोई खतरे की घंटी के रूप में देखा जाए।