सेना ने उग्रवादी समझ कर मारा था,मुख्यमंत्री ने गृह मंत्रालय से दखल देने को कहा

Daily news network Posted: 2017-06-17 11:24:58 IST Updated: 2017-06-17 11:24:58 IST
सेना ने उग्रवादी समझ कर मारा था,मुख्यमंत्री ने गृह मंत्रालय से दखल देने को कहा
  • अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग जिले के नामटोक में सेना ने उग्रवादी समझकर एक व्यक्ति को गोली मार दी थी। उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। राज्य के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने गृह मंत्रालय से बात कर घटना पर चिंता व्यक्त की और मामले में तुरंत हस्तक्षेप की मांग की।

इटानगर।

अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग जिले के नामटोक में सेना ने उग्रवादी समझकर एक व्यक्ति को गोली मार दी थी। उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। राज्य के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने गृह मंत्रालय से बात कर घटना पर चिंता व्यक्त की और मामले में तुरंत हस्तक्षेप की मांग की। 



मुख्यमंत्री ने निर्दोष व्यक्ति की मौत पर गहरी संवेदना व्यक्त की है। बकौल खांडू, मुझे जानकारी मिली है कि एक घटना में कोंग्सा गांव के रहने वाले 35 साल के थिंगतु नगेमु को अपनी जान गंवानी पड़ी जबकि कई अन्य घायल हो गए। 



प्रोपर केयर और प्लानिंग के जरिए इस तरह की घटना को टाला जा सकता था। शुक्रवार को जारी बयान में खांडू ने यह बात कही। लोगों और सरकार की ओर से खांडू ने मृतक के परिजनों और घायलों के प्रति एकजुटता प्रकट की। 



मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वक्त संवेदना और सांत्वना के लिए शब्द कम पड़ गए हैं। नुकसान की भरपाई न तो मुआवजे के रुप में दी जाने वाली रकम से हो सकती है और न ही किसी तरह की दया से। मृतक के परिजनों को नियमों के मुताबिक मुआवजा देना सरकार का कर्तव्य है। 



साथ ही घायलों की जान बचाने के लिए बेहतर इलाज में मदद देना भी सरकार की ड्यूटी है। सेना ने बुधवा रात थिंगतु को गोली मार दी थी। सेना ने इसे गलत पहचान का मामला बताया था। 



सेना की ओर से जारी बयान में कहा गया था कि उसे हार्डकोर उग्रवादियों के ग्रुप की गतिविधियों के बारे में खुफिया जानकारी मिली थी। इसके आधार पर सेना के जवानों ने ऐम्बुश लगाया था। इस दौरान एक व्यक्ति ऐम्बुश के दायरे में आ गया। चेतावनी देने पर उसने बहुत संदिग्ध हरकतें की और वह ऐम्बुश पार्टी की ओर भागा। इस कारण जवानों को ओपन कंट्रोल्ड फायर करना पड़ा। इससे उस व्यक्ति की मौत हो गई।