मिजोरम के मुख्यमंत्री की चेतावनी के बाद काम पर लौटे सरकारी कर्मचारी

Daily news network Posted: 2017-12-08 13:17:00 IST Updated: 2017-12-08 13:17:00 IST
मिजोरम के मुख्यमंत्री की चेतावनी के बाद काम पर लौटे सरकारी कर्मचारी
  • मिजोरम के सरकारी कर्मचारियों ने गुरुवार को अपनी तीन दिवसीय हड़ताल वापस ले ली। हड़ताल के दूसरे दिन ही सरकारी कर्मचारी काम पर लौट आए।

मिजोरम के सरकारी कर्मचारियों ने गुरुवार को अपनी तीन दिवसीय हड़ताल वापस ले ली। हड़ताल के दूसरे दिन ही सरकारी कर्मचारी काम पर लौट आए। मुख्यमंत्री लल थनहवला ने चेतावनी दी थी कि अगर कर्मचारियों ने अपना आंदोलन जारी रखा तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। आपको बता दें कि सातवें वेतन आयोग की सिफारिशें लागू करने की मांग को लेकर सरकारी कर्मचारी तीन दिन के सामूहिक अवकाश पर चले गए थे। सभी कर्मचारियों ने तीन दिन का आकस्मिक अवकाश ले लिया था। इससे बुधवार को मिजोरम सरकार का कामकाज ठप हो गया था। तमाम सरकारी दफ्तर खाली थे।

कर्मचारियों के आंदोलन की अगुवाई फेडरेशन ऑफ मिजोरम गर्वमेंट एम्पलॉयी एंड वर्कर्स कर रहा है। कर्मचारियों की मांग की है कि सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के मुताबिक उनके वेतन में तुरंत बढ़ोतरी की जाए। फेडरेशन ने गुरुवार को जारी बयान में आंदोलन वापस लेने की जानकारी दी। अधिकारियों का कहना है कि हड़ताल मुख्यमंत्री लल थनहवला की चेतावनी के बाद वापस ली गई है। मुख्यमंत्री ने कहा था कि अगर कर्मचारियों के कारण लोगों को असुविधा जारी रही तो उनके खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। राज्य सरकार ने वेतन आयोग की सिफारिशों के अध्ययन के लिए समिति गठित की है।

यह समिति वेतन बढ़ोतरी के मसले को देखने के लिए गठित की गई। राज्य के वित्त मंत्री लालसवता ने बुधवार को कहा था कि सरकार समिति की रिपोर्ट पर सिफारिशों का इंतजार कर रही है। फेडरेशन ऑफ मिजोरम गर्वमेंट एम्पलॉयी एंड वर्कर्स के नेताओं ने हालांकि आरोप लगाया कि सरकार ने देरी की रणनीति के तहत पैनल गठित किया है। आपको बता दें कि मिजोरम के सरकारी कर्मचारियों को अभी तक सातवें वेतन आयोग का लाभ नहीं मिल पाया है।