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मुलायम के बहू और दामाद भी हारे,शिवपाल ने बचाई लाज

Patrika news network Posted: 2017-03-11 18:26:53 IST Updated: 2017-03-11 18:26:53 IST
मुलायम के बहू और दामाद भी हारे,शिवपाल ने बचाई लाज
  • यूपी विधानसभा चुनाव में न सपा को करारी हार का सामना करना पड़ा। चुनाव में मुलायम सिंह की बहू अपर्णा यादव समेत कुनबे के 6 लोगों की किस्मत दांव पर थी,जिसमें से सिर्फ शिवपाल ही कुनबे की लाज बचाने में कामयाब रहे जबकि अपर्णा सहित 5 लोगों को हार का सामना करना पड़ा।

लखनऊ।

यूपी विधानसभा चुनाव में न सपा को करारी हार का सामना करना पड़ा। चुनाव में मुलायम सिंह की बहू अपर्णा यादव समेत कुनबे के 6 लोगों की किस्मत दांव पर थी,जिसमें से सिर्फ शिवपाल ही कुनबे की लाज बचाने में कामयाब रहे जबकि अपर्णा सहित 5 लोगों को हार का सामना करना पड़ा। 

मुलायम सिंह के छोटे बेटे प्रतीक यादव की पत्नी अपर्णा यादव ने लखनऊ कैंट से चुनाव लड़ा था। खुद मुलायम सिंह और अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल ने अपर्णा के लिए प्रचार किया फिर भी वह चुनाव नहीं जीत पाई। अपर्णा ने पहली बार चुनाव लड़ा था। भाजपा उम्मीदवार रीता बहुगुणा ने अपर्णा को मात दी। रीता बहुगाणा जोशी पहले कांग्रेस में थे और पिछले चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर जीत दर्ज की थी। मुलायम सिंह के भतीजे जोगिंदर सिंह एटा सदर विधानसभा क्षेत्र से चुनाव हार गए। 

जोगिंदर की साली की शादी प्रो.रामगोपाल यादव के बेटे से हुई है। वे अलीगंज एटा से सपा विधायक रामेश्वर यादव के भाई हैं। वे 10 साल जिला पंचायत अध्यक्ष रहे हैं। मुलायम सिंह यादव के भाई अभय राम यादव के बेटे और मुलायम के भतीजे अनुराग यादव भी सरोजनी नगर से चुनाव हार गए।  अनुराग ने पहली बार चुनाव लड़ा था। इन्हें मौजूदा विधायक का टिकट काटकर दिया गया था। मुलायम सिंह के पोते और मैनपुरी से सांसद तेज प्रताप के नाना रामप्रकाश ने शिकोहाबाद से चुनाव लड़ा लेकिन वे भी हार गए। 

रामप्रकाश शिकोहाबाद नगर पालिका के चेयरमैन हैं। इस बार टिकट मांग रहे थे लेकिन नहीं मिला। गुस्से में निर्दलीय चुनाव लड़ा। रामवीर सिंह यादव ने जसराना सीट से चुनाव लड़ा लेकिन हार गए। रामवीर सिंह के भांजे राजीव की शादी मुलायम सिंह की भतीजी के साथ हुई है। अखिलेश यादव ने रामवीर सिंह का टिकट काटा तो लोकदल से चुनाव लड़ा। 4 बार विधायक रहे लेकिन रामगोपाल से नहीं पटती है।