सीमाओं पर सुरक्षा अभेद्य, बेफिक्र रहे देशवासी: सीतारमण

Daily news network Posted: 2017-09-14 18:55:28 IST Updated: 2017-09-14 18:55:28 IST
सीमाओं पर सुरक्षा अभेद्य, बेफिक्र रहे देशवासी: सीतारमण
  • रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने देशवासियों को भरोसा दिलाते हुए गुरुवार को कहा कि सरकार सीमाओं की रक्षा के लिए तमाम जरूरी उपाय कर रही है तथा सुरक्षा को लेकर किसी को कोई चिंता करने की जरूरत नहीं है।

वाराणसी

रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने देशवासियों को भरोसा दिलाते हुए गुरुवार को कहा कि सरकार सीमाओं की रक्षा के लिए तमाम जरूरी उपाय कर रही है तथा सुरक्षा को लेकर किसी को कोई चिंता करने की जरूरत नहीं है।



प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में गुरुवार को अपने सम्मान में आयोजित एक समारोह के बाद संवाददाताओं के सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने कहा, 'जम्मू-कश्मीर या डोकलाम, देश की किसी भी सीमा की सुरक्षा को लेकर सरकार पूरी तरह से सतर्क है तथा किसी भी नागरिक को कोई चिंता करने की जरूरत नहीं है।'



उन्होंने कहा कि सीमाओं की रक्षा के मुद्दे पर सरकार समय-समय पर समीक्षा और उसके अनुसार जरूरी कदम उठाती रहती है, लेकिन सुरक्षा कारणों से जरूरत पडऩे पर ही उसका खुलासा किया जाता है। उन्होंने देशवासियों को सुरक्षा को भारोसा दिलाते हुए कहा कि सरकार के लिए जनता की सुरक्षा बेहद अहम है और वह इस मुद्दे पर किसी भी स्तर पर कोई समझौता नहीं करती है। 



काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के ऐतिहासिक स्वतंत्रता भवन में आयोजित भव्य समारोह में 10 छावनी परिषदों को 'खुले में शौच मुक्त' 'स्वच्छता' प्रमाण पत्र सौंपने के बाद अपने संबोधन में उन्होंने समाज के रह वर्ग को स्वच्छता अभियान में सहयोग देने की अपील की। 



रक्षामंत्री ने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के बाद मोदी ने वर्ष 2014 में स्वच्छता के मुद्दे को प्राथमिकता दी, जिसके परिणाम सामने आने लगे हैं। देश के अन्य हिस्सों के साथ-साथ सेना के माध्य कामन के 25 छावनी परिषदों में से 14 को 'खुले में शौच मुक्त' घोषित किया जा चुका है, जिनमें से बरेली, दानापुर, देहरादून, जबलपुर, मेरठ, मथुरा, रानी खेत, वाराणसी सहित दस छावनी परिषदों को आज स्वच्छता के प्रमाण पत्र दिये गए हैं। 



उत्तरी कमान के आठ छावनी परिषदों को कल 'स्वच्छता' के प्रमाण पत्र दिये जाने पर  सीतारमण ने कहा कि प्रधानमंत्री के आह्वान को रक्षा मंत्रालय ने गंभीरता से लिया और स्वच्छता अभियान को आगे बढ़ाने के लिए छावनी परिषदों को 50 करोड़ रुपये जारी कर दिए गए हैं। इस राशि से कूड़े की रिसाइकिल, गंदे पानी की सफाई सहित तमाम कार्य किये जांएगे। उन्होंने कहा रक्षा मंत्रालय की ओर से 15 सितंबर से लेकर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के जन्म दिन दो अक्टूबर तक विशेष सफाई अभियान चलाये जाएगे। इस दौरान छावनी परिषदों के अलावा आसपास के क्षेत्रों में भी सफाई के प्रति आम जनता को जागरूक करने की कोशिश की जाएंगी।



रक्षा मंत्री बनने के बाद पहली बार वाराणसी पहुंची सीतारमण ने कहा कि उनका मंत्रालय छावनी परिषद क्षेत्रों के अलावा देश के प्रमुख पर्यटन एवं तीर्थ स्थलों पर भी सफाई के प्रति लोगों को जागरूक करने का अभियान चलायेगी। इसके लिए एक 'ब्लू प्रिंट' तैयार कर लिया गया है और जल्दी ही उस पर अमल शुरू कर दिया जाएगा। उत्तराखंड की 'चार धाम यात्रा' या जम्मू-कश्मीर के ग्लेशियर पर घूमने के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों से उन स्थलों की 'स्वच्छता' का ध्यान रखने की नसीहत देते हुए उन्हें सुंदर बनाए रखने में अपना सहयोग देने की रक्षामंत्री ने अपील की।