'पूर्वोत्तर को गति देने के लिए युवा पीढ़ी जिम्मेदारी लें'

Daily news network Posted: 2017-09-17 15:40:18 IST Updated: 2017-09-17 15:40:18 IST
'पूर्वोत्तर को गति देने के लिए युवा पीढ़ी जिम्मेदारी लें'
  • पूर्वोत्तर छात्र एवं युवा शिखर सम्मेलन में मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने युवा पीढ़ी से आगे आने का आह्वान करते हुए पूर्वोत्तर को एक नई गति देने की बात कही।

नई दिल्ली।

पूर्वोत्तर छात्र एवं युवा शिखर सम्मेलन में मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने युवा पीढ़ी से आगे आने का आह्वान करते हुए पूर्वोत्तर को एक नई गति देने की बात कही।



उन्होंने आठ राज्यों को प्रतिभाशाली लोगों से भरा हुआ बताते हुए कहा कि पूर्वोत्तर क्षेत्र प्रतिभाओं का पावर हाउस है। इस क्षेत्र में संसाधनों की बहुतायत है।


सोनोवाल ने युवाओं को आगे आने के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा कि अब जिम्मेदारी लेने का समय आ गया है और वक्त है कि उन्हें अपनी क्षमता का प्रदर्शन करते हुए देश की अष्टलक्ष्मी को नई गति देनी होगी।



सोनोवाल ने कहा गुवाहाटी को हमेशा से ही पूर्वोत्तर के प्रवेशद्वार के रूप में देखा जाता है। लेकिन अब एक्ट ईस्ट पॉलिसी के जरिए हमने गुवाहाटी को दक्षिण पूर्व एशियाई संयोजकता का केंद्र बनाने की परिकल्पना की है।



उन्होंने कहा कि इस सरकार ने निवेश को आकर्षित करने और बुनियादी ढांचे के विकास से उत्तर-पूर्व भारत को विकास का नया इंजन बनाने के प्रधानमंत्री मोदी की परिकल्पना को प्राथमिकता दी है।



उत्तर-पूर्व के समृद्ध जल निकायों, जैव विविधता और सुंदर दृश्यों के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि हमारे पास सब कुछ है और अब हमें कड़ी मेहनत करने की जरूरत है।



उन्होंने कहा कि मोदी ने बाढ़ की बारहमासी समस्याओं को हल करने के लिए एक व्यापक कार्य योजना की मांग की है और इसके लिए उन्होंने 100 करोड़ रुपये देने की घोषणा भी की है।



असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि यह कार्य किया जाता है, तो ग्रामीण अर्थव्यवस्था में सुधार होगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार चाहती है कि पूर्वोतर क्षेत्र दक्षिण-पूर्व एशिया के बाजार पर कब्जा कर लें।



सोनोवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी चाहते हैं कि पूर्वोत्तर सबसे विकसित क्षेत्र बने और हमें इसके लिए खुद को तैयार करना होगा। उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री ने हमें सहकारी संघवाद को आगे बढ़ाने का एक अच्छा मौका दिया है।