यहां पहले होता है सुहागरात, फिर बच्चे पैदा होने के बाद होती है शादी

Daily news network Posted: 2017-03-05 11:13:31 IST Updated: 2017-06-21 13:30:06 IST
यहां पहले होता है सुहागरात, फिर बच्चे पैदा होने के बाद होती है शादी
  • दुनियाभर में कई ऐसी अनोखी परंपराएं हैं, जिनके बारे में जानकर हैरत होती है। अनेकता में एकता की मिसाल भारतीय संस्कृति में कदम-कदम पर नजर आती है। यही कारण है कि राजस्थान के उदयपुर, सिरोही और पाली जिले में गरासिया नामक जनजाति रहती है, यहां ऐसी ही एक निराली परंपरा देखने को मिलती है।

नई दिल्ली।

दुनियाभर में कई ऐसी अनोखी परंपराएं हैं, जिनके बारे में जानकर हैरत होती है। अनेकता में एकता की मिसाल भारतीय संस्कृति में कदम-कदम पर नजर आती है। यही कारण है कि राजस्थान के उदयपुर, सिरोही और पाली जिले में गरासिया नामक जनजाति रहती है, यहां ऐसी ही एक निराली परंपरा देखने को मिलती है।



गरासिया समाज में दाम्पत्य की अनोखी परंपरा है, जो करीब-करीब लिव इन की तरह ही है। आम भारतीय समाज में अभी भी इस तरह की परंपरा को स्वीकार नहीं किया गया है। इस मायने में ये आदिवासी समाज बिल्कुल अलग और कई सौ साल आगे दिखाई देता है। गरासिया समाज में पहले दाम्पत्य की शुरुआत हो जाती है। समाज के पंचायत की 'दापा प्रथा' यानी युवक-युवती के सहमत होने पर लड़की पक्ष को सामाजिक सहमति से कुछ राशि दे दी जाती है। इसके बाद लड़के-लड़कियां बिना शादी के पति-पत्नी की तरह साथ रहने लगते हैं। हालांकि, बच्चे पैदा होने के बाद वे अपनी सहूलियत से कभी भी शादी कर सकते हैं।



सालों पहले गरासिया समाज के चार भाई कहीं जाकर बस गए थे। तीन ने शादी की और एक बिना शादी (लिव इन रिलेशन) के रहने लगा। संयोग से शादीशुदा भाइयों को कोई औलाद नहीं हुई। सिर्फ चौथे भाई की वजह से वंश और परिवार चला। कहते हैं कि इसी के बाद, गरासिया समाज की पीढ़ियों से यह धारणा चली आ रही है।



यदि दोनों के लिव-इन में रहने के बावजूद भी बच्चे नहीं हुए तो वे अलग-अलग हो जाते हैं। फिर किसी और के साथ लिव-इन में रह बच्चे पैदा करने की कोशिश करते हैं।